Category: मस्ती मनोरंजन

परिवार और परिवेश के अनुकूल फिल्‍म बनाने में है विश्‍वास : रजनीश मिश्रा

भोजपुरी के पुराने दौर को वापस लाने के लिए प्रयासरत और वर्तमान में लीक से हटकर फिल्‍म बनाने के लिए रजनीश मिश्रा आगे आये हैं। उन्‍होंने अपनी पहली फिल्म ‘मेहंदी लगा के रखना’ से ही संकेत दे दिया कि उनकी सोच मौजूदा दौर में बन रही भोजपुरी फिल्‍मों से इतर है। उन्‍होंने इस फिल्‍म से ये साबित कर दिया कि अगर भोजपुरी फिल्‍मों में भोजपुरिया परिवेश पर कहानी बुनी जाय, तो वह हिट होती है और दर्शकों द्वारा सराही भी जाती है। उनका मानना भी है कि फिल्मों की कहानी हमारे अपने परिवेश और परिवार से निकलनी चाहिए।
संगीतकार से निर्देशन के क्षेत्र में कदम रखने वाले रजनीश मिश्रा ने भोजपुरिया इंडस्‍ट्री को ये संदेश दिया है कि भोजपुरी संस्कृति और सामाजिक परिवेश पर आधारित फिल्मों का दौर अभी खतम नहीं हुआ है। बस ऐसी फिल्‍में बनाने की लोगों में इच्‍छाशक्ति की कमी आई है। रजनीश इस बार महापर्व छठ पर एक और पारिवारिक व मनोरंजक फिल्‍म लेकर आ रहे हैं, जो है – ‘मैं सेहरा बांध के आऊंगा’। वो भी रजनीश मिश्रा स्‍टाइल में, जिसमें हास्य और विनोद से भरा सिक्‍वेंस दर्शकों को हंसते – हंसाते रुला देगी।
दिल में संगीत को रखने वाले रजनीश अभी देवभूमि काशी में फिल्‍म ‘डमरू’ की शूटिंग कर रहे है। यह फिल्‍म भी परिवार और परिवेश के अनुकूल है। इस बारे में रजनीश मिश्रा कहते हैं कि डमरू सही रूप से इंसान और भगवान के बीच के संबंधों को उजागर करता है। यह जरूरी नहीं है कि भक्त ही भगवान के लिए व्याकुल रहे, कभी कभी भगवान भी भक्त के लिए व्‍याकुल हो जाते हैं। फिल्‍म मेकिंग के बारे में रजनीश कहते हैं कि अगर मैं म्यूजिक डायरेक्टर के काम से आगे बढ़ कर डायरेक्शन के लिये आया हूं, तो मेरी पहली ज़िम्मेदारी ये बनती है कि मैं वो करूं जिसको होता देखना चाहता था. ऐसी फिल्‍में बनाउं, जिससे लोगों का मनोरंजन तो हो ही साथ में मुझे भी लगे कि मैंने कुछ बनाया है।

भोजपुरी फिल्‍म निर्माण के क्षेत्र में निर्माता प्रदीप सिंह ने सेट किया नया ट्रेंड

रंजन सिन्‍हा की रिपोर्ट
भोजपुरी सिनेमा इंडस्‍ट्री के इस दौर में यूं तो कई सफल निर्माताओं का नाम आता है, मगर उनमें निर्माता प्रदीप सिंह की बात ही कुछ और है। फिल्‍म निर्माण के क्षेत्र में प्रदीप सिंह की कार्यकुशलता और उनका नजरिया, उन्‍हें अन्‍य निर्माताओं से अलग करता है। उन्‍होंने माईबाप,विधाता, खूनभरी मांग, सरकार राज, इंडिया वर्सेस पाकिस्‍तान जैसी फिल्‍मों से भोजपुरी सिनेमा में एक नया ट्रेंड सेट किया। अभी उनकी एक और बेहतरीन फिल्‍म ‘मैं सेहरा बांध के आउंगा’ फ्लोर पर है, जिसका निर्देशन रजनीश मिश्रा ने किया है। इसके अलावा अभी हाल ही में उन्‍होंने धार्मिक शहर बनारस में ‘इंडिया ई कॉमर्स लिमिटेड’ के बैनर तले एक नई फिल्‍म की भी घोषणा की है, जिसमें मेगा स्‍टार रवि किशन, सुपर स्‍टार खेसारीलाल यादव और सुपर विलेन अवधेश मिश्रा नजर आयेंगे।
उत्तर प्रदेश के बांदा से आने वाले प्रदीप सिंह कहते हैं कि उन्‍हें ऐसी फिल्‍में करने में ज्‍यादा मजा आता है, जिसमें आत्‍म संतुष्टि हो। लगे कि हमने कोई अच्‍छा काम किया है। अच्‍छी फिल्‍म बनाई है। दर्शक जब सिनेमाघरों से बाहर आयें, तो उन्‍हें लगे कि उनकी मेहनत की गाढ़ी कमाई जाया नहीं हुई। वे आगे कहते हैं- ‘मेरी कोशिश होती है कि मेरी फिल्‍में भोजपुरी सिनेमा इंडस्‍ट्री का प्रतिनिधित्‍व करे।‘ प्रदीप सिंह का मानना है कि अच्‍छी फिल्‍में ही लोगों के दिलों में जगह बना पाती हैं और लंबे समय तक उनके संस्‍मरण में भी रहती है। फिल्‍म निर्माण आसान काम नहीं है।
बता दें कि प्रदीप सिंह की कंसिटेंसी की वजह से भोजपुरी सिने जगत के बड़े से बड़े कलाकार उनकी फिल्‍मों को ना नहीं कह पाते हैं। तभी तो उनकी फिल्‍मों में अब तक रवि किशन, दिनेशलाल यादव निरहुआ, पवन सिंह‍, खेसारीलाल यादव, अरविंद अकेला कल्‍लू, रीतेश पांडेय, राकेश मिश्रा जैसे अभिनेता नजर आ चुके हैं। तो भोजपुरिया क्‍वीन रानी चटर्जी, पाखी हेगड़े, रिंकू घोष, मोनालिसा, स्विटी छाबड़ा, अक्षरा सिंह, काजल राघवानी, प्रियंका पंडित, प्रतिभा पांडेय और निशा पांडेय जैसी अभिनेत्रियां भी प्रदीप सिंह की फिल्‍मों की अभिनेत्री अदाकारी करती नजर आई हैं।
वहीं, प्रदीप सिंह के बारे में खास तौर पर सुपर स्‍टार खेसारीलाल यादव कहते हैं कि वे एक ऐसे निर्माता है, जिन्‍हें इंडस्‍ट्री और दर्शकों का नब्‍ज मालूम है। वे बिजनस के साथ – साथ अच्‍छी स्क्रिप्‍ट को तवज्‍जो देते हैं, जिस वजह से उनकी फिल्‍मों का कारोबार तो अच्‍छा ही है। साथ में दर्शकों को भी उनकी फिल्‍में पसंद आती है। आज उनके साथ काम करने की इच्‍छा सभी कलाकारों को रहती है। सच कहूं तो उनका काम के प्रति समर्पण और परफेक्‍शन ही उन्‍हें अन्‍य निर्माताओं से अलग बनाता है।

सामने आया “चोर नं0 1” फर्स्ट लुक

चोर नं0 1 का फर्स्ट लुक जारी किया गया है। फर्स्ट लुक के तौर पर जारी की गई पोस्टर फ़िल्म के कुछ अलग हट के होने का हिंट करती है। पोस्टर में फ़िल्म के मुख्य अभिनेता हासिम एक शातिर चोर नज़र आ रहे हैं और ऐसा प्रतीत हो रहा है कि फ़िल्म में हासिम कई हैरत अंगेज़ कारनामे करने वाले हैं।
स्वतंत्रता दिवस के दिन फ़िल्म से जुड़े लोग फ़िल्म के “चोर नं0 1” की पहली झलक सोशल साइट पर साझा करते हुए दिखे। पोस्टर के माध्यम से ये अपने सुभेच्छाओं को स्वतंत्रता दिवस की बधाई दे रहे थें।
चर्चित भोजपुरी सिनेमा “चोर नं0 1” लगभग बन कर तैयार है। लिक से हटकर एक स्वस्थ कॉमेडी फ़िल्म को ले कर आ रहे हैं निर्देशक सागर सिन्हा। निर्माता अजय कुमार की फ़िल्म “चोर नं0 1” का पहला पोस्टर रिविल्ड करते ही देखते ही देखते यह सोशल मीडिया पर छा गया।
फ़िल्म के विषय मे सागर सिन्हा बताते हैं की ये फ़िल्म लोगो को हंसा हंसा कर पागल कर देगी। यह एक स्वस्थ मनोरंजक फ़िल्म होगी। इस रोमांटिक कॉमेडी फिल्म में आपको ढेर सारा संस्पेंस भी देखने को मिलेगा। जय जय काली फ़िल्म प्रोडक्शन के बैनर तले बनने वाली इस फ़िल्म के मुख्य कलाकार हैं हासिम खान और स्वेता शर्मा। हासिम इससे पहले कई सीरियल में काम कर चुके हैं और स्वेता दिल्ली की प्रसिद्द मॉडल हैं।
फ़िल्म के सह निर्देशक देव चौधरी ,पी आर ओ सर्वेश कश्यप है। अन्य कलाकारों में रमेश सावंत, सुशांत रौशन, कुंदन सागर, शिव कुमार, मंजू सिन्हा, किस्टो मुखर्जी, मनोज कुमार , कुलदीप, अभिषेक, राकेश कुमार महंत, शम्भू शर्मा, गोपाल आदी दीखेंगे। फ़िल्म के एडिटर सन्नी सिन्हा एवम डी ओ पी सिंटू सिंह हैं। फ़िल्म जल्द ही रिलीज होगी।

जल्‍द ही प्रदर्शित होगी विक्रांत-मोनालिसा की ’पाकिस्तान में जय श्रीराम’

भाजपुरी सिनेमा के फिटनेस आइकॉन विक्रांत सिं‍ह राजपूत की बहुप्रतिक्षित फिल्‍म ‘पाकिस्‍तान में जय श्रीराम’ शीघ्र ही प्रदर्शित होगी। इस फिल्‍म का निर्माण ‘गदर’ जैसी सुपर हिट फिल्‍म बना चुके भूपेंद्र विजय सिं‍ह की है। उनकी मानें तो यह फिल्‍म ‘गदर’ से भी आगे जाएगी। इस फिल्‍म को सिंगल थियेटर के अलावा मल्‍टीप्‍लेक्‍स में भी प्रदर्शित करने की तैयारी चल रही है।
इस फिल्‍म की खास बात ये है कि बिग बॉस सीजन 10 और नच बलिए से चर्चा में आई मोनालिसा और विक्रांत सिंह राजपूत फिर से लंबे समय बाद एक साथ नजर आ रहे हैं। ऐसा माना जा रहा है कि छोटे पर्दे पर धमाल मचाने के बाद भोजपुरी पर्दे पर पहली बार इनकी केमेस्‍ट्री देखने को मिलेगी। इस जोड़ी की पिछली कई फिल्‍मों को दर्शकों ने काफी पसंद किया है। फिल्‍म विक्रांत सिंह राजपूत और मोनालिसा के अलावा अवधेश मिश्रा, नेहा सिंह, हीरा यादव, धामा वर्मा, बालगोविंन्द बंजारा, प्रेम प्रधान, उल्हास कुडवे और सोनिया मिश्रा भी मुख्य भूमिका हैं।
फिल्‍म को लेकर विक्रांत कहते हैं कि यह उनके लिए अब तक की सबसे चुनौतीपूर्ण फिल्‍म है। इस फिल्‍म में कई ऐसी चीजें हैं, जो दर्शकों के लिए नया होगा। निर्देशक रामाकांत प्रसाद के साथ काम करने का अनुभव भी बहुत अच्‍छा रहा है। वे इंडस्‍ट्री के उम्‍दा निर्देशकों में से एक है। हमने इस फिल्‍म के लिए काफी मेहनत की है। ‘पाकिस्‍तान में जय श्रीराम’ कंप्‍लीट एक्‍शन और रोमेंटिक फिल्‍म है, जो भोजपुरिया दर्शकों को काफी पसंद आएगी।
वहीं, निर्माता भुपेन्द्र विजय सिंह और बबलू एम गुप्ता को पूरी उम्मीद है कि ये फिल्म ’गदर’ का रिकार्ड तोड़ेगी। अगर ऐसा होता है तो ’पाकिस्तान में जय श्रीराम’ इस साल की सबसे ज्यादा कारोबार करने वाली फिल्म साबित होगी। इससे भोजपुरी सिनेमा को निश्‍चय ही बल मिलेगा। फिल्‍म ‘पाकिस्तान में जय श्रीराम’ का संवाद और संगीत खुद रामाकांत प्रसाद ने तैयार किया है।

‘चैलेंज’ मेरे लिये भी है चैलेंजिंग – मधु शर्मा

फासलों की अपनी सिद्दत होती है। कैफियत की अपनी रवायत होती है। शायर ने कहा था फूल भी हो दरमियां तो फासले हुये। किसी शायर की गजल की भांति हैं भोजपुरी फिल्मों की अदाकार मधु शर्मा। मधु शर्मा का जन्म राजस्थान के जयपुर में 13 दिसंबर 1984 को मारवाड़ी फैमिली में हुआ था। उन्हे बचपन से एक्ट्रेस बनने का शौक था। वे भोजपुरी फिल्मों के सुपरस्टार पवन सिंह के साथ फिल्म ‘चैलेंज’ की नायिका हैं। लगातार हिट पर हिट फिल्म देने वाली मधु शर्मा इन दिनों चर्चा में हैं अपनी फिल्म ‘चैलेंज’ को लेकर। प्रस्तुत है चैलेंज फिल्म को लेकर मधू शर्मा से रंजन सिन्‍हा की बातचीत –
फिल्म चैलेंज में अपनी भूमिका के बारे में बताइये?
इस फिल्म में मैं एक नटखट लड़की की भूमिका में हूं, जो मुंबई की है। उसे बिहार के लड़कों से नफरत थी। वजह क्या थी ये आपको फिल्म देखने के बाद पता चलेगा।।
आप ताईक्वांडो में ब्लैकबैल्ट हैं। किक बांक्सिंग भी जानती हैं। तो ‘चैलेंज’ में भी एक्शन सीन होगा?
इस फिल्म में मेरी भूमिका एक पुलिस अधिकारी की है। जाहिर है इस कला का मैंने खूब प्रयोग किया है। जमकर एक्शन किया है। साफ तौर पर कहूं तो ‘चैलेंज’ मेरे लिये भी चैलेंलिंग है।
आपने साउथ की कई फिल्में की हैं। तो अब भोजपुरी के अनुभव के बारे में बताएं?
भोजपुरी में मेरी पहली फिल्म थी ‘एक दूजे के लिए’। इस फिल्म की कामयाबी के बाद तो फिल्मों की लाईन लग गयी। यह काफी बेहतर इंडस्ट्री है। मुझे गर्व है कि मैं भोजपुरी फिल्म जगत का हिस्सा हूं।
फिल्म ‘चैलेंज’ पवन सिंह के साथ काम करने का अनुभव कैसा रहा?
पवन जी की बात आते ही मुझे हंसी आती है। वे सेट पर हमेशा हंसाते रहते हैं। फैन्स से हमेशा घिरे रहने वाले पवन सिंह कब किस मुद्दे पर किसको हंसा देंगे ये कोई नहीं जानता।
कौन-कौन सी भाषायें सींख चुकी है?
फिल्मों में काम करते-करते तेलुगु और भोजपुरी भी सीख गई हूं। मुझे बचपन में श्रीदेवी की फिल्में देखने का शौक था।
फिल्‍म ‘चैलेंज’ में आपका अनुभव कैसा रहा ?
इस फिल्‍म के दौरान मैं क्या पूरी टीम ही उत्साहित है। यह इस साल की सबसे चर्चित फिल्म है। हर कोई इस फिल्म का इंतजार कर रहा है। लाखों लोग इसका प्रोमो देख चुके हैं।

फेसबुक पर मनोज – निरहुआ, तो इंस्‍टाग्राम पर पवन- खेसारी हिट

आज सोशल मीडिया का जमाना है। सो आम आदमी से लेकर हर छोटे बड़े सभी सेलिब्रेटी भी इसका जमकर उपयोग कर रहे हैं। सभी को अपनी मन की बात करने के लिए अच्छा प्लेटफार्म भी है। रिस्पांस भी तुरंत मिलना शुरू हो जाता है। इन दिनों भोजपुरी के सभी स्‍टार भी सोशल मीडिया का जमकर उपयोग कर रहे हैं। लेकिन इन स्‍टारों में किसको आम आदमी पसंद कर रहे हैं, इसपर नज़र डालें तो पता चलता है कि फेसबुक अभिनेता से नेता बने मनोज तिवारी, तो इंस्‍टाग्राम पर सबसे एक्‍शन स्‍टार पवन सिंह को पसंद करते है।
बात शुरू करते हैं सबसे ज्‍यादा लोगों तक पहुंच रखने वाले फेसबुक की। यहां मनोज तिवारी ‘मृदुल’ को सबसे ज्‍यादा लोग फॉलो करते हैं। उनके फॉलोअर्स की संख्‍या 6,69,405 है। हालांकि मनोज तिवारी अब फिल्‍मों से ज्‍यादा राजनीति में सक्रिय हैं। वे दिल्‍ली प्रदेश भाजपा के अध्‍यक्ष के साथ – साथ नार्थ ईस्‍ट दिल्‍ली से लोकसभा में प्रतिनिधि (सांसद) भी हैं। मनोज तिवारी के बाद फेसबुक पर सबसे ज्‍यादा दिनेशलाल यादव ‘निरहुआ’ पसंद किये जाते हैं। इनके फॉलोअर्स की संख्‍या 5,70,596 है। तीसरे नंबर पर हैं मेगा स्‍टार रवि किशन। उन्‍हें 3,09,668 लोग फॉलो करते हैं।
वहीं, पवन सिंह को 1,44,269 लोग फेसबुक पर फॉलो करते हैं। इसके बाद नंबर आता है – खेसारीलाल यादव का। हालांकि इनके नाम से कई फेसबुक अकाउंट हैं, कोई वेरीफाइड नहीं है। मगर जिस अकाउंट पर उनसे संबंधिति एक्‍टीविटी ज्‍यादा है, उस पर उनके फॉलोअर्स की संख्‍या 53, 434 है। गायक व अभिनेता अरविंद अकेला ‘कल्‍लू‘ के 37,695 और यश कुमार के 32,122 फॉलोआर्स हैं।
अब देखते हैं इंस्‍टाग्राम की ओर, जहां पवन सिंह सबसे ज्‍यादा पसंद किए जाते हैं। इंस्‍टाग्राम पर पवन सिंह के फॉलोअर्स की संख्‍या 54.3 K है। तो दूसरे नंबर पर खेसारीलाल यादव 40.2 K के साथ काबिज हैं, जबकि दिनेशलाल यादव ‘निरहुआ’ 40.1 K के साथ तीसरे नंबर पर हैं। इसके बाद अरविंद अकेला ‘कल्‍लू’ आते हैं, जिनको फॉलो करने वालों की संख्‍या 18.6 K है, जबकि बिग बॉस सीजन 10 से चर्चा में आए भोजपुरी के फिटनेस आइकन विक्रांत सिंह राजपूत हैं, जिन्‍हें 17.8 K लोग पसंद करते हैं। इसके अलावा राकेश मिश्रा को 12.6 K, रवि किशन को 11.6 K, प्रदीप पांडेय को 10.9 K और यश कुमार को 10.2 K लोग फॉलो करते हैं।

ये आंकड़ें तीन जुलाई 2017 के हैं।

लोक गायक अभिनेताओं को कड़ी टक्‍कर दे रहे विक्रांत – चिंटू

भोजपुरी फिल्मों के तीसरे दौर के शुरूआत से ही लोक गायकों का कब्जा हो गया। इसके पूर्व के दो दौरों में विशुद्ध अभिनेता ही भोजपुरिया दर्शकों के दिलों पर राज करते थे। लेकिन तीसरे दौर में वही अभिनेता सफल हुए जो अच्छे लोक गायक रहे, जो आज तक बरकरार है। हालांकि इस दौर में इन लोक गायक अभिनेताओं को बहुत हद तक विशुद्ध अभिनेता रवि किशन ने चुनौती दी, मगर वे भी 2010 के बाद शांत पड़ गए। इस दौरान उन्‍होंने हिंदी और दक्षिण भारतीय फिल्‍मों की ओर रूख कर लिया। रवि किशन के अलावा कोई भी अभिनेता इन लोक गायक अभिनेताओं को चुनौती नही दे पाए।
लेकिन अब विशुद्ध रूप से भोजपुरी सिनेमा में अभिनेता विक्रांत सिंह राजपूत और प्रदीप पांडेय उर्फ चिंटू पांडेय ने दस्‍तक दी है, जिनसे इन लोक गायक अभिनेताओं को टक्कर मिल रही है। दर्शकों को ये अपने अंदाज और अभिनय क्षमता के बल पर पसंद भी आ रहे हैं। बता दें कि भोजपुरी के तीसरे दौर के शुरुआत ही फ़िल्म “ससुरा बड़ा पैसावाला” से हुई थी, जिसमें प्रसिद्ध लोक गायक मनोज तिवारी पहली बार बतौर अभिनेता स्‍क्रीन पर नजर आए। इस फिल्‍म में दर्शकों न सिर्फ उनको पसंद किया, बल्कि फिल्‍म ने सफलता के झंडे गाड़ दिए।
ये बात 2004 की है। तब से लेकर 2009 तक मनोज तिवारी का ही भोजपुरिया बॉक्‍स ऑफिस पर कब्‍जा रहा। हालांकि इसी समय मनोज तिवारी को मेगा स्‍टार रवि किशन से चुनौती मिलती रही। कई बार दोनों ने एक साथ भी भोजपुरी सिनेमा के स्‍क्रीन को शेयर करते नजर आए। फिल्में भी सफल रही। फिर 2009 के बाद दिनेशलाल यादव “निरहुआ” ने भोजपुरी फिल्म जगत में इंट्री की। निरहुआ भी लोक गायक थे, सो भोजपुरिया दर्शकों ने इन्‍हें भी अपना स्‍टार बना लिया। इसके बाद तो इंडस्‍ट्री में लोक गायकों का नायक बनने का दौर ही शुरू हो गया।
पवन सिंह, खेसारीलाल यादव, राकेश मिश्रा, अरविंद अकेला कल्लू जैसे कई लोक गायक भोजपुरिया इंडस्‍ट्री में आए और छा गए। यह सिलसिला अभी तक बरकरार है। लेकिन पिछले दो सालों से इन लोक गायक अभिनेताओं को रवि किशन के बाद विक्रांत सिंह राजपूत और प्रदीप पांडेय उर्फ चिंटू पांडेय से जबरदस्त टक्कर मिल रही है। विशुद्ध अभिनेता विक्रांत सिंह राजपूत का आगमन 2005-06 में ‘दुल्‍हनिया नाच नचाये’ से हुआ। इस फ़िल्म का निर्माता-निर्देशक अजय सिन्हा थे, जिन्होंने ‘ससुरा बड़ा पैसावाला’ के जरिये भोजपुरी फ़िल्म उद्योग को फिर से जीवित किया था। फ़िल्म ज्यादा नहीं चली, मगर विक्रांत लोगों तक पहुंचने में सफल रहे। विक्रांत की पहली हिट फिल्‍म थी ‘मुन्ना बजरंगी’, जो उन्‍हें इंडस्‍ट्री में पूरी तरह से स्‍थापित कर दिया। फिर ‘दूल्हा अलबेला’ से विक्रांत भोजपुरिया दर्शको के आंखों के तारा बन गए। ‘कुरूक्षेत्र’,’सैया तूफानी’ और ‘प्रेमलीला’ ने विक्रांत के करियर को और उंचाईयों पर ले गई। वे आज नंबर वन की रेस में शामिल हैं।
विक्रांत आज भोजीवुड के मोस्‍ट स्‍टाइलिस्‍ट और फिटनेस आइकॉन के रूप में जाने जाते हैं। बिग बॉस सीजन 10 में अपनी प्रेमिका अभिनेत्री मोनालिसा से शादी ने विक्रांत को भोजपुरी के साथ – साथ हिंदी के दर्शकों के बीच भी प्रसिद्धी दिलाई। उसके बाद हिंदी इंटरनेमेंट चैनल कलर्स की सुप्रसिद्ध ‘नच बलिए’ से विक्रांत की ख्‍याति पूरे देश में फैल गई। इस दौरान उन्‍होंने अपनी नव विवाहित जोड़ीदार मोनालिसा के साथ मिलकर अपने डांस से भी लोगों को ध्‍यान खींचा । आज विक्रांत की कई भोजपुरी फिल्में प्रदर्शन को तैयार हैं, जिनमें ‘पाकिस्तान में जयश्री राम’ और ‘नाथुनिये पे गोली मारे 2’ प्रमुख हैं।
वहीं, चिंटू का भोजपुरिया पर्दे पर आगमन एक बाल कलाकार के रूप में हुआ था। 2009 में दिनेश लाल यादव निरहुआ की फ़िल्म ‘दीवाने’ में चिंटू बाल कलाकार की भूमिका में थे। उसके बाद 2010 के अंत में फिल्‍म ‘देवरा बड़ा सतावेला’ से बतौर नायक इंट्री मारी। फ़िल्म में रवि किशन और पवन सिंह भी साथ थे। फ़िल्म को लोगो ने काफी पसंद किया। मगर उससे ज्यादा लाभ चिंटू को नही मिला। सारा क्रेडिट रवि किशन और पवन सिंह ले गए। लेकिन अपने दमदार अभिनय के बल पर चिंटू दर्शको के बीच अपनी पहचान बनाने में सफल रहे। तब से लेकर 2015 तक चिंटू की कई फिल्में आयी। 2016 में आई फिल्म ‘दीवाने’ और ‘दुल्हिन चाही पाकिस्तान से’ की अपार सफलता ने चिंटू को नंबर 1 की रेस में पहुंचा दिया। 2017 में भी चिंटू ने जबरदस्त इंट्री मारी। फ़िल्म ‘मोहब्बतें’ और ‘ससुराल’ ने भोजपुरिया बॉक्‍स ऑफिस पर जबरदस्‍त सफलता हासिल की। यह इन लोक गायक अभिनेताओं को सीधे – सीधे चुनौती थी।

धड़कन और जिगर में 17 नम्बर का अंतर

23 जून को 2 भोजपुरी फ़िल्म रिलीज हुई। जिसमे पवन सिंह की “धड़कन” और दिनेश लाल यादव निरहुआ की “जिगर”। रिलीज हुई दोनों फिल्मो का रेस्पॉन्स अच्छा रहा। दोनों इस इंडस्ट्री के उम्दा कलाकार हैं और इनके अपने अपने फॉलोवर हैं लेकिन सिनेमा हॉल वालों ने पवन सिंह की धड़कन पर ज्यादा भरोसा किया। सामने ट्यूबलाइट होने के वावजूद धड़कन को 46 थिएटर मिलें और जिगर सिर्फ 29 हॉल तक ही सिमट गयी। हालांकि पेपर विज्ञापन में फ़िल्म जिगर के इस कमी को छुपाया गया है और इसे बढ़ा चढ़ा कर 40-42 तक पहुँचाया गया लेकिन इस निर्रथक प्रयास के वावजूद दिनेश लाल यादव की “जिगर” पवन सिंह की “धड़कन” के सिनेमा हॉल वाले आकड़ें को नही छू पायी। ईद का मौका किसी भी फ़िल्म के व्यवसाय हेतु काफी सही समय माना जाता है और इसी सही समय के इंतज़ार में सितारें कई बार आपस में भिड़ते नज़र आते हैं। इस अवसर पर दर्शकों की चाँदी रहती है और उन्हें चहेते स्टार्स की उम्दा फिल्में देखने को मिलती है। खैर अब देखना ये है दोनों रिलीज हुई फिल्मो का बॉक्स ऑफिस कलेक्शन क्या होगा। ट्रेड के लोगों की माने तो धड़कन इस रेस में भी आगे ही रहेगी क्योंकि इनके पास थिएटर्स ज्यादा हैं । लेकिन ये फ़िल्म इंडस्ट्री है यहाँ कुछ भी कहना मुश्किल है।

रिलीज हुआ पवन सिंह की धड़कन का ट्रेलर,ये मौका आपसे छूट न जाए

पावर स्टार पवन सिंह की बहुप्रतीक्षित भोजपुरी फ़िल्म ‘धड़कन’ का ट्रेलर वेव म्यूजिक कंपनी द्वारा लॉन्च किया गया है। अगर आपने अब तक नही देखा तो जरूर देखें,कहीं ये मौक़ा आपसे छूट न जाए। सोमवार को अपलोड की गयी इस ट्रेलर को अब तक लगभग दस लाख लोगो ने देखा है। रोमांस और हैरतअंगेज एक्शन से भरपूर यह फिल्म ईद के मौके पर भव्य तरीके से रिलीज की जायेगी। किशोरी फिल्म्स प्रस्तुत फिल्म ’धड़कन’ के निर्देशक सुजीत कुमार सिंह हैं। ट्रेलर में पवन सिंह हैरतअंगेज एक्शन करते नज़र आ रहर हैं। एक सीन में पवन सिंह “भेरियन में हाहाकार खातिर,शेर के एगो दहाड़ काफी होला” जैसे संवाद बोलते नज़र आ रहे हैं। ट्रेड पंडितो के अनुसार फ़िल्म पुराने सारे रिकॉर्ड ध्वस्त करेगी। फ़िल्म के निर्माता धुपेन्द्र भगत हैं तथा सहनिर्मात्री मानकी देवी, लाखमती देवी व शिखा मिश्रा हैं। इस फिल्म में केंद्रीय भूमिका में पवन सिंह के साथ भोजपुरी क्वीन मृगनयनी अक्षरा सिंह और चुलबुली अदाकारा धड़कन गर्ल शिखा मिश्रा का रोमांस दर्शकों को खूब पसंद आने वाला है। इस फिल्म से भोजपुरी सिनेमा में बतौर खलनायक सागर पाण्डेय पदार्पण कर रहे हैं। लेखक मनोज के कुशवाहा व वीरू ठाकुर हैं। संगीतकार मधुकर आनंद हैं। पार्श्वगायन पवन सिंह, कल्पना, प्रियंका सिंह, इन्दू सोनाली ने की है। संकलन दीपक जौल का है। नृत्य रामदेवन, संजय कोर्वे व रिक्की गुप्ता, मारधाड़ हीरालाल यादव ने करवा रहे हैं। कार्यकारी निर्माता अरशद शेख ’पप्पू’ हैं। मार्केटिंग हेड विजय यादव तथा फ़िल्म प्रचारक रामचन्द्र यादव व सर्वेश कश्यप हैं। अन्य महत्वपूर्ण भूमिका में ब्रजेश त्रिपाठी, उमेश सिंह, आनंद मोहन, माया यादव, अयाज खान, देव सिंह, जसवंत कुमार तथा सागर पाण्डेय इत्यादि हैं।

महिलाओं की खोई हुई सम्मान को दर्शाता है ‘कागज की चिंदिया’

पटना. अन्तराष्ट्रीय दिल्ली फिल्म फेस्टिवल फिल्म “कागज की चिंदिया” का प्रेस कांफ्रेंस आज सिस्कोड टेक्नोलॉजी के स्टूडियो में किया गया. इस दौरान निर्देशक प्रो. सतीश चित्रवंशी, फिल्म प्रोड्यूसर श्रीमती अनुराधा चित्रवंशी, सिस्कोड टेक्नोलॉजी के मैनेजिंग डायरेक्टर श्री अनुज कुमार सिन्हा, सिस्कोड टेक्नोलोजी के डायरेक्टर श्रीमती प्रणति सिन्हा, एवं श्रीमती लता शरण भी उपस्थित थी.
सिस्कोड टेक्नोलॉजी के Md अनुज कुमार सिन्हा और उनकी पत्नी प्रणति सिन्हा ने कहा की बिहार में फिल्म सूटिंग होती जरुर है, मगर एडिटिंग के लिए मुंबई जानी पड़ती है. मगर अब फिल्म सूटिंग और एडिटिंग के लिए अब बहार जाने की जरुरत नही है. उन्होंने कहा कि फिल्म कागज की चिंदिया महिलाओं की पहचान और उनकी व्यवश्था को दर्शाता है. यह महिलाओं की खोई हुई सम्मान को दिखलाता है. कम बजट की यह फिल्म दर्शकों को खूब भाएगी. आगे उन्होंने कहा कि अब बिहार में पहली बार पोस्ट प्रोडक्सन का काम हमलोग करने जा रहे है, इससे जुड़े अन्य काम को लेकर दिल्ली मुंबई जाने की जरुरत नही है.
दर्शकों ने फिल्म के कलाकारों के साथ फिल्म का आनंद लिया. इस फिल्म के विषय में श्री निर्देशक सतीश चित्रवंशी ने कहा कि यह फिल्म आज के समाज का सही दर्पण है. यह फिल्म एक माँ की अपने बेटे के अधिकार की लड़ाई के सन्दर्भ में बताता है. उन्होंने कहा की यह फिल्म मध्यम वर्गीय फिल्म है जो की आज की महिलाओं को समर्पित है. यह फिल्म महिलाओं को खास ध्यान में रख कर बनाया गया है. फिल्म में उर्वशी, नयनिश मिश्र, सफलता श्रीवास्तव, विजय कुमार, वर्तिका चित्रवंशी, आदि कलाकार है. 1:30 घंटे की इस फिल्म की सूटिंग ईलाहाबाद और सबलपुर में हुई है. इससे पहले इस फिल्म को अन्तराष्ट्रीय दिल्ली फिल्म फेस्टिवल में प्रदर्शित किया गया है.